10 Benefits of Rudraksha Beads

Benefits Of Rudraksha Beads

रुदाक्ष दो शब्दों से बना है रुद यानि भगवान शंकर और अक्ष यानि आशु अर्थात् भगवान शंकर के आसु को कहा जाता है। मान्यता है जब भगवान शंकर रोते है तो उनके आशु रुदाक्ष के रुप में गिरते है। जब भी रुदाक्ष पहने उसे पहले एक बार जरुर किसी पंडित से सलाह लें। काफी भी बिना सलाह के रुदाक्ष नही पहना चाहियें।

Benefits Of Rudraksha Beads

रुदाक्ष के 10 लाभ

रुदाक्ष के 10 लाभ

  1. रूदाक्ष धाराण करने से व्यापार में असीम सफलता व धन लाभ मिलता है। व्यापार में आ रही दिक्कतें दूर होती है। नये प्रोजेक्ट मिलते है। शत्रु पर विजय प्राप्त करने में मदद करता है।

  2. अगर आप स्वास्थ्य संबंधित परेशानी से झेल रहे है तो रूदाक्ष धाराण करने से स्वस्थ्य संबंधित परेशानी दूर रहती है। शरीर में हो रही थकावट, थकान, कमजोरी से भी मुक्ति मिलती है।

  3. मान सम्मान में भी बढोतरी होती है।

  4. रुदाक्ष पहने से मन शांत व स्थिर रहता है। भवानात्मक रुप से आपको मजबूत बनता है। अगर आप छोटी सी भी परेशानी से बहूत जल्दी डर या भयवीत जाते है तो आप रुदाक्ष जरुर धाराण करें। रुदाक्ष धाराण करने से आप हर परेशानी का डट कर सामना करेंगें।

  5. मन में उपस्थित डर का अंत होता है।

  6. भगवान शंकर की कृपा दृष्टि व आशीर्वाद हमेशा आप पर बना रहता है।

  7. जीवन अनेक प्रकार की खुशियां से भर जाता है। हर प्रकार की परेशानी को आपके जीवन से दूर रखता है।

  8. अगर आप का आत्मविश्वास बहूत कमजोर है। आप कुछ भी नया कार्य करने से बहूत डरते है तो आप रुदाक्ष जरुर पहने। इसे पहने से आपका आत्मविश्वास बहूत बढेगा।

  9. माता-पिता व बच्चों के बीच में चल रहे मन मुटाव समाप्त होते है।

  10. अगर आप बुरे भाग्य से बहूत परेशान हो गये है तो रुदाक्ष धाराण करें। यह बुरा भाग्य पीछा छोड देता है।